🌹🌹🌹🌹 छोटी-छोटी बातों पर तुम, बिगड़ो ना, झगड़ो ना.... छोटी-छोटी बातों को तुम, पकड़ो ना, अकड़ो ना.... यही है जिन्दगी का फंडा, यारों मस्त रहो ना...... छोटी-छोटी बातों से तुम, यूँ दिल को जकड़ो ना..... -लक्ष्मी सिंह 💓☺
शरद चंद्रमा से भी सुन्दर, है मेरा दिलदार। उस पर वारूँ जीवन अपना, कर दूँ जान निसार। उसकी चेहरे से ना हटती है, मेरी ये निगाहें। उसके नाम से सजती हूँ मैं, करूँ सोलह श्रृंगार। —लक्ष्मी सिंह 💓 ☺
शरद की श्वेत शीतल रात्री में, मेरा मन व्यथित व्याकुल उदास। हर पल याद दिलाती है तेरी, शरद चाँद के चमकीले उजास। शीतल शुभ्र ज्योत्सना फैली, अम्बर वसुंधरा के आँगन में आओ तो शरद चाँदनी में, प्रियतम बैठो कुछ पल मेरे पास। —लक्ष्मी सिंह 💓 ☺